टेरेसा मे बनेंगी प्रधानमंत्री, पहले से 12 सीटें कम मिली
ब्रिटेन की अगली प्रधानमंत्री टेरेसा मे ही बनेंगी, लेकिन पहले की तुलना में उनके पास अब 12 सांसद कम होंगे। ईयू से ब्रिटेन को बाहर लाने की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है। इस प्रक्रिया में अपनी स्थिती मजबूत करने के लिए टेरेसा मे ने अचानक मध्यावधि चुनाव का ऐलान कर दिया था, जबकि चुनाव तीन साल दूर थे। लेकिन इस कदम से टेरेसा को नुकसान ही हुआ और विपक्षी पार्टी लेबर ने जबरदस्त वापसी की। टेरेसा मे की कंजर्वेटिव पार्टी को बहुमत से आठ सीटें कम मिली है। पहले उनके पास 330 सांसद थे, अब सिर्फ 318 सांसद जीते। लेबर पार्टी पिछली बार सिर्फ 232 सांसदों की पार्टी थी, इस बार 29 सीटें ज्यादा जीतर आंकड़ा 261 तक पहुंच गया। टेरेसा मे ने महारानी से मिलकर दोबारा सरकार बनाने का दावा पेश कर दिया है। वो मिली जुली सरकार बनाएंगी। खबर है कि दस सांसदों वाली डीयूपी पार्टी उनका समर्थन करेगी। लेकिन प्रधानमंत्री टेरेसा मे का आगे का रास्ता मुश्किल भरा होगा। अपनी पार्टी में भी उनकी हालत कमजोर हुई है और संसद में भी उनकी पार्टी कमजोर है। इसी मजबूरी के साथ उन्हें ब्रिटेन को यूरोपियन यूनियन से बाहर निकालना है।



